389. पृष्ठ - कुरान पढ़ें

389. पृष्ठ
28 · अल-क़सस
فَلَمَّا قَضٰى مُوسَى الْاَجَلَ وَسَارَ بِاَهْلِه۪ٓ اٰنَسَ مِنْ جَانِبِ الطُّورِ نَارًاۚ قَالَ لِاَهْلِهِ امْكُثُٓوا اِنّ۪ٓي اٰنَسْتُ نَارًا لَعَلّ۪ٓي اٰت۪يكُمْ مِنْهَا بِخَبَرٍ اَوْ جَذْوَةٍ مِنَ النَّارِ لَعَلَّكُمْ تَصْطَلُونَ29
फिर जब मूसा ने अवधि पूरी कर दी और अपने घरवालों को लेकर चला तो तूर की ओर उसने एक आग-सी देखी। उसने अपने घरवालों से कहा, "ठहरो, मैंने एक आग का अवलोकन किया है। कदाचित मैं वहाँ से तुम्हारे पास कोई ख़बर ले आऊँ या उस आग से कोई अंगारा ही, ताकि तुम ताप सको।"
فَلَمَّٓا اَتٰيهَا نُودِيَ مِنْ شَاطِئِ الْوَادِ الْاَيْمَنِ فِي الْبُقْعَةِ الْمُبَارَكَةِ مِنَ الشَّجَرَةِ اَنْ يَا مُوسٰٓى اِنّ۪ٓي اَنَا۬ اللّٰهُ رَبُّ الْعَالَم۪ينَۙ30
फिर जब वह वहाँ पहुँचा तो दाहिनी घाटी के किनारे से शुभ क्षेत्र में वृक्ष से आवाज़ आई, "ऐ मूसा! मैं ही अल्लाह हूँ, सारे संसार का रब!"
وَاَنْ اَلْقِ عَصَاكَۜ فَلَمَّا رَاٰهَا تَهْتَزُّ كَاَنَّهَا جَٓانٌّ وَلّٰى مُدْبِرًا وَلَمْ يُعَقِّبْۜ يَا مُوسٰٓى اَقْبِلْ وَلَا تَخَفْ۠ اِنَّكَ مِنَ الْاٰمِن۪ينَ31
और यह कि "डाल दे अपनी लाठी।" फिर जब उसने देखा कि वह बल खा रही है जैसे कोई साँप हो तो वह पीठ फेरकर भागा और पीछे मुड़कर भी न देखा। "ऐ मूसा! आगे आ और भय न कर। निस्संदेह तेरे लिए कोई भय की बात नहीं
اُسْلُكْ يَدَكَ ف۪ي جَيْبِكَ تَخْرُجْ بَيْضَٓاءَ مِنْ غَيْرِ سُٓوءٍۘ وَاضْمُمْ اِلَيْكَ جَنَاحَكَ مِنَ الرَّهْبِ فَذَانِكَ بُرْهَانَانِ مِنْ رَبِّكَ اِلٰى فِرْعَوْنَ وَمَلَا۬ئِه۪ۜ اِنَّهُمْ كَانُوا قَوْمًا فَاسِق۪ينَ32
अपना हाथ अपने गिरेबान में डाल। बिना किसी ख़राबी के चमकता हुआ निकलेगा। और भय के समय अपनी भुजा को अपने से मिलाए रख। ये दो निशानियाँ है तेरे रब की ओर से फ़िरऔन और उसके दरबारियों के पास लेकर जाने के लिए। निश्चय ही वे बड़े अवज्ञाकारी लोग है।"
قَالَ رَبِّ اِنّ۪ي قَتَلْتُ مِنْهُمْ نَفْسًا فَاَخَافُ اَنْ يَقْتُلُونِ33
उसने कहा, "ऐ मेरे रब! मुझसे उनके एक आदमी की जान गई है। इसलिए मैं डरता हूँ कि वे मुझे मार डालेंगे
وَاَخ۪ي هٰرُونُ هُوَ اَفْصَحُ مِنّ۪ي لِسَانًا فَاَرْسِلْهُ مَعِيَ رِدْءًا يُصَدِّقُن۪يۘ اِنّ۪ٓي اَخَافُ اَنْ يُكَذِّبُونِ34
मेरे भाई हारून की ज़बान मुझसे बढ़कर धाराप्रवाह है। अतः उसे मेरे साथ सहायक के रूप में भेज कि वह मेरी पुष्टि करे। मुझे भय है कि वे मुझे झुठलाएँगे।"
قَالَ سَنَشُدُّ عَضُدَكَ بِاَخ۪يكَ وَنَجْعَلُ لَكُمَا سُلْطَانًا فَلَا يَصِلُونَ اِلَيْكُمَا بِاٰيَاتِنَاۚ اَنْتُمَا وَمَنِ اتَّبَعَكُمَا الْغَالِبُونَ35
कहा, "हम तेरे भाई के द्वारा तेरी भुजा मज़बूत करेंगे, और तुम दोनों को एक ओज प्रदान करेंगे कि वे फिर तुम तक न पहुँच सकेंगे। हमारी निशानियों के कारण तुम दोनों और जो तुम्हारे अनुयायी होंगे वे ही प्रभावी होंगे।"