अन-निसा · 4:114

لَا خَيْرَ ف۪ي كَث۪يرٍ مِنْ نَجْوٰيهُمْ اِلَّا مَنْ اَمَرَ بِصَدَقَةٍ اَوْ مَعْرُوفٍ اَوْ اِصْلَاحٍ بَيْنَ النَّاسِۜ وَمَنْ يَفْعَلْ ذٰلِكَ ابْتِغَٓاءَ مَرْضَاتِ اللّٰهِ فَسَوْفَ نُؤْت۪يهِ اَجْرًا عَظ۪يمًا

उनकी अधिकतर काना-फूसियों में कोई भलाई नहीं होती। हाँ, जो व्यक्ति सदक़ा देने या भलाई करने या लोगों के बीच सुधार के लिए कुछ कहे, तो उसकी बात और है। और जो कोई यह काम अल्लाह की प्रसन्नता प्राप्त करने के लिए करेगा, उसे हम निश्चय ही बड़ा प्रतिदान प्रदान करेंगे

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