अल-हश्र · 59:20

لَا يَسْتَو۪ٓي اَصْحَابُ النَّارِ وَاَصْحَابُ الْجَنَّةِۜ اَصْحَابُ الْجَنَّةِ هُمُ الْفَٓائِزُونَ

आगवाले और बाग़वाले (जहन्नमवाले और जन्नतवाले) कभी समान नहीं हो सकते। बाग़वाले ही सफ़ल है

Word-by-word analysis is only wired up for the demo verses (1:1 and 1:2) for now.